सैय्यद ज़फरुल हसन
दीपावली से पहले मिलावटखोरी पर विभाग की सख्ती, मेजा से धूमनगंज तक चला जांच अभियान
मिठाई की दुकानों पर निर्माण तिथि और बेस्ट बिफोर डेट लिखना अनिवार्य, खुले में बिना तारीख वाली मिठाई बेचने पर चेतावनी
अक्टूबर में त्योहारों के मद्देनजर लिए गए 105 नमूने, जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए खाद्य पदार्थ
प्रयागराज 02 नवंबर 2026। त्योहारों के दौरान मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने सोमवार को जिले में सघन निरीक्षण एवं नमूना संग्रहण अभियान चलाया। इस दौरान मेजा से लेकर धूमनगंज तक मिठाई और किराना दुकानों की जांच की गई। विभागीय टीम ने अलग-अलग प्रतिष्ठानों से मिठाई, साबूदाना और बेसन समेत कुल छह नमूने एकत्र कर जांच के लिए खाद्य विश्लेषक प्रयोगशाला भेजे हैं।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की यह कार्रवाई मंडलायुक्त प्रयागराज, आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन उत्तर प्रदेश के निर्देश और जिलाधिकारी प्रयागराज के आदेश पर की गई।
इन दुकानों से लिए गए खाद्य पदार्थों के नमूने
अभियान के दौरान मेजा रोड स्थित मिठाई की दुकान से बर्फी का नमूना लिया गया। रामपुर बाजार में राजस्थान वाला मिठाई की दुकान से डोडा बर्फी और आईटीआई गेट महुआरी स्थित बालाजी स्वीट्स से छैना की मिठाई का नमूना संग्रहित किया गया। वहीं मुंठीगंज स्थित श्री भगवान मिष्ठान भंडार से पतीसा का नमूना लिया गया।
इसके अलावा धूमनगंज के हरवारा स्थित बिग बास्केट का निरीक्षण कर साबूदाना और बेसन के नमूने भी एकत्र किए गए। इस तरह सोमवार को कुल छह नमूने जांच के लिए भेजे गए।
मिठाई की ट्रे पर तारीख लिखना अनिवार्य
निरीक्षण के दौरान खाद्य कारोबारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि मिठाई की प्रत्येक ट्रे पर निर्माण तिथि (Manufacturing Date) और उपयोग की अंतिम तिथि (Use By Date) अथवा Best Before Date अनिवार्य रूप से अंकित की जाए। बिना लेबल और तारीख के खुले में मिठाइयों की बिक्री न की जाए।
इसके साथ ही खाद्य पदार्थों को ढककर रखने, दुकानों में साफ-सफाई बनाए रखने और खाद्य लाइसेंस को प्रमुखता से प्रदर्शित करने के निर्देश भी दिए गए।
अक्टूबर में 105 नमूने किए गए संग्रहित
विभाग के मुताबिक आगामी त्योहारों को देखते हुए अक्टूबर माह में जनपद में कुल 105 खाद्य पदार्थों के नमूने संग्रहित किए गए हैं। खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने और मिलावटखोरी पर प्रभावी रोक लगाने के लिए विभाग का यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
